Mental Health

चीकू के फायदे, रोज़ एक चीकू कर देगा कमाल – Chiku Khane ke Fayde

Neelam KothariNeelam Kothari  |  Jul 15, 2019
चीकू के फायदे, रोज़ एक चीकू कर देगा कमाल – Chiku Khane ke Fayde

हमारे देश में कई ऐसे फल हैं, जो स्वाद के साथ ही सेह​त के लिए भी काफी अच्छे माने जाते हैं। उन्हीं में से एक है चीकू, जो बेहतरीन स्वाद के साथ ही स्वास्थ्य के लिए भी बेजोड़ है। चीकू भूरे रंग का फल है, जो देखने में आलू जैसा लगता है। गोल- गोल रसीला चीकू पोषक तत्वों से भरपूर, शक्तिवर्धक और बुखार कम करने वाला होता है। इसके तने में भी शक्तिवर्धक गुण होते हैं। चीकू में बहुत सारे न्यूट्रीएंट्स और एंटीऑक्सिडेंट गुण भी पाए जाते हैं। चीकू के एक फल में 71 प्रतिशत पानी, 1.5 प्रतिशत प्रोटीन, 1.5 प्रतिशत चर्बी और 25.5 प्रतिशत कार्बोहाइड्रेट होता है। इसके अलावा चीकू में ग्लूकोज भी अच्छी मात्रा में पाया जाता है, जो शरीर को तुरंत ऊर्जा प्रदान करता है। जो लोग रोज़ व्यायाम और वजन कम करना चाहते हैं, उनके लिए तो चीकू खासकर उपयोगी होता है। कड़े वर्कआउट के बाद जब थकान लगने लगती है तो एक्सपर्ट ​​चीकू खाने की सलाह देते हैं। यही नहीं, कई बार जब शरीर को अतिरिक्त पोषक तत्वों की ज़रूरत होती है तो चीकू काफी मददगार साबित होता है। चीकू का इस्तेमाल कई तरह से किया जाता है। हालांकि जब दूध के साथ चीकू का उपयोग किया जाता है तो स्वास्थ्य के लिए लाभ दोगुना हो जाता है। चीकू आसानी से पच जाता है। यह शरीर से अशुद्धियों को दूर करता है, साथ ही इसमें मौजूद विटामिन, मिनरल्स और फाइबर शरीर को बीमारियों से लड़ने में मदद करते हैं।

बालों के लिए फायदेमंद है चीकू – Hair Benefits of Chiku in Hindi

चीकू डाइजेस्टिव सिस्टम के लिए फायदेमंद होता है और इसे खाने से पेट की परेशानियां दूर होती हैं जिसका असर स्किन से लेकर बालों तक में होता है। सभी जानते हैं कि खूबसूरत दिखने के लिए अच्छे बालों का होना जरूरी होता है। हालांकि, कभी उम्र के कारण तो कभी हॉर्मोन्स के कारण बाल गिरने लगते हैं या उनकी क्वॉलिटी खराब होने लगती है। ऐसे में चीकू का प्रयोग करना चाहिए। दरअसल शरीर में जिन पोषक तत्वों की कमी से बालों का झड़ना और सफेद होना शुरू होता है, चीकू उस कमी को पूरा करता है। चीकू में ऐसे पोषक तत्‍व मौजूद होते हैं, जो बालों को गिरने से बचाते हैं इसलिए आप अपने बालों को स्वस्थ रखने के लिए चीकू का सेवन ज़रूर करें। बालों को घना बनाने के लिए भी चीकू का इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है। चीकू खाने से बाल मजबूत होते हैं और इसके बीज से निकाला गया तेल बालों को मॉइस्चराइज करता है, जिससे बाल मुलायम होते हैं और उनमें शाइनिंग आती है। चीकू बालों पर ऐसा जादू करता है, जो अच्छे- अच्छे शैम्पू भी नहीं कर पाते हैं। चीकू के बीजों का तेल घुंघराले बालों के लिए बहुत अच्छा माना जाता है। यह बालों में बहुत जल्दी अब्जॉर्ब हो जाता है। इसके साथ ही यह सिर की त्वचा को भी स्वस्थ बनाता है।

Chiku for hair

चीकू के सौंदर्य संबंधी फायदे – Beauty Benefits of Chiku Fruit in Hindi

चीकू की सबसे अच्छी बात है कि वह हर मौसम में मिल जाता है। उसमें भरपूर मात्रा में विटामिन A और विटामिन C पाया जाता है, जो स्किन के लिए बहुत ज्यादा लाभकारी होता है। चीकू में विटामिन ई भी पाया जाता है, जो आपकी त्वचा को नमी देता है, जिससे वह स्वस्थ और सुंदर हो जाती है। इनके अलावा इसमें फॉस्फोरस और आयरन भी होता है। इससे स्किन को ताजगी मिलती है और खूबसूरती में चार चांद लग जाते हैं। अपने डेली रुटीन में चीकू का उपयोग करने से कुछ ही दिनों में आप खुद के अंदर फर्क महसूस करने लगेंगी। शरीर से विषाक्‍त पदार्थों को निकालने के लिए भी चीकू का उपयोग किया जाता है। हालांकि, कुछ लोगों का मानना है कि अगर आप चीकू को पीस कर चेहरे पर लगाते हैं तो परिणाम बेहतर मिलता है। त्वचा की झुर्रियों को खत्म करने के लिए भी चीकू का इस्तेमाल करने की सलाह दी जाती है।

Chiku in hindi

चीकू के स्वास्थ्य लाभ – Health Benefits of Chiku in Hindi

एक चीकू में आपको इतने सारे गुण (chiku fruit benefits in hindi) मिल जाएंगे कि आपको हैरानी होगी। एक चीकू मे विटामिन, मिनरल्‍स, प्रतिरक्षक गुण, फाइबर, कैल्शियम, फॉसफोरस, पोटैशियम जैसे पोषक तत्व पाये जाते हैं, जो शरीर को हर तरह की बीमारी से दूर रखते हैं। साथ ही ये पोषक तत्व शरीर को मजबूत बनाकर बीमारियों से लड़ने की ताकत भी देते हैं। डॉक्टर भी चीकू खाने की सलाह देते हैं। आपको बता दें कि प्रतिदिन एक चीकू के सेवन से आप डॉक्‍टर के खर्च से बच सकते है। चीकू खाने के फायदे (chiku ke fayde) – चीकू में विटामिन ए और सी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। विटामिन ‘ए’ आपकी आंखों के लिए लाभदायक होता है और विटामिन ‘सी’ आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत कर त्‍वचा की रक्षा करता है। अगर आप बुढ़ापे में आंखों की समस्या से बचकर रहना चाहते हैं तो आज से ही चीकू खाना शुरू कर दें। इसे एक अच्छा एंटी- इंफ्लेमेटरी फ्रूट माना जाता हैं। यह पेट की समस्याओं को खासतौर पर दूर करता है। उदाहरण के लिए, एंटी- इंफ्लेमेटरी तत्व से कब्ज, दस्त और एनीमिया जैसी समस्याओं से बचाव बना रहता है। यह पाचन क्रिया को सक्रिय बनाने में मदद करता है और इसके सेवन से आंतों की शक्ति बढ़ती है। सर्दी- जुकाम में भी चीकू काफी फायदेमंद माना जाता है। इसमें कुछ खास तत्व पाए जाते हैं, जो श्वसन तंत्र से कफ और बलगम निकाल कर पुरानी खांसी में राहत देते हैं। इस प्रकार से यह सर्दी और खांसी से बचाता है। चीकू में लेटेक्स नामक तत्व भी अच्छी मात्रा में पाया जाता है। इसलिए यह दांतों की कैविटी को भरने के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है। चीकू के फल के बीज को पीस कर खाने से गुर्दे की पथरी यूरिन के साथ निकाल जाती है, साथ ही यह गुर्दे के रोगों से भी बचाता है।

chiku fruit benefits in hindi

चीकू कैसे सुधारता है मानसिक स्वास्थ्य

आजकल की व्यस्त दिनचर्या के कारण लोगों का मानसिक स्वास्थ्य खराब रहता है, जिसके कारण वे न तो भरपूर ​नींद ले पाते हैं और न ही चैन से जी पाते हैं। लेकिन चीकू खाने से मानिसक स्वास्थ्य भी सुधर जाता है। दरअसल चीकू खाने से एनर्जी मिलती है और थकावट दूर होती है।अगर तनाव के कारण नींद नहीं आ रही है तो चीकू के सेवन से इस समस्या का समाधान हो सकता है। चीकू में मौजूद पोषक तत्व नसों के खिंचाव को कम करते हैं। इससे नसें रिलैक्स होती हैं और मष्तिष्‍क में स्‍फूर्ति आ जाती है। स्‍फूर्ति आने के कारण हमें थकावट, अनिद्रा आदि से छुटकारा मिल जाता है। इसलिए अपने अच्छे मानसिक स्वास्थ्य के लिए चीकू का उपयोग ज़रूर करें।

गर्भावस्था में फायदेमंद है चीकू

प्रेग्नेंसी एक वरदान है लेकिन कुछ महिलाओं के लिए यह परेशानी का सबसे बड़ा कारण बन जाता है क्योंकि उन्हें प्रेग्नेंसी में उल्टी और मितली का सामना करना पड़ता है। गर्भावस्था के समय उल्टी और मितली आने के सही कारण का पता अभी तक नहीं चल पाया है। हालांकि यह माना जाता है कि शरीर में होने वाले हॉर्मोनल परिवर्तन के कारण पेट की मांसपेशियों के संकुचन में परिवर्तन हो सकता है, जिससे उल्टी और मितली जैसी समस्याएं उत्पन्न होती हैं। लेकिन चीकू खाने से प्रेग्नेंसी के समय उल्टी और मितली जैसे परेशानी को कम किया जा सकता है। चीकू में इलेक्‍ट्रोलाइट्स, कार्बोहाइड्रेट और विटामिन ए मौजूद होता है, जिससे उल्टी ओर चक्‍कर से निपटने में मदद मिलती है। इसके साथ ही चीकू का सेवन करने से गर्भवती महिलाओं के पेट से संबंधित विकार भी दूर होते हैं।

कैसे करें चीकू का प्रयोग – How to Use Chikoo in Hindi

प्रतिदिन के खाने में चीकू का उपयोग किया जा ​सकता है। चीकू का प्रयोग पीस कर भी किया जाता है। दूध के साथ चीकू इस्तेमाल करना हो तो इसे मिक्सर ग्राइंडर में पीस सकते हैं। इससे दूध में वह पूरी तरह से घुल जाएगा। वजन कम करने वाले लोग चीकू का जूस पीते हैं। अगर आप बालों के लिए चीकू का प्रयोग कर रहे हैं तो इसे पीस कर किसी तेल के साथ मिलाकर इसका इस्तेमाल कर सकते हैं। लेकिन अगर आप इसे किसी खास बीमारी के लिए उपयोग कर रहे हैं तो डॉक्टर की राय जरूर लें।

चीकू करता है वेटलॉस – Chikoo for Weight Loss

आजकल लोग वजन कम करने के लिए क्या- क्या नहीं करते। महंगे प्रोटीन से लेकर महंगे जिम तक, कई प्रयोग करते हैं। अगर आप भी तरह- तरह के प्रयोग करके थक गए हैं मगर वजन कम नहीं हो रहा तो चीकू का सेवन करके देखिए उससे न सिर्फ वजन कम होगा, बल्कि शरीर में एनर्जी भी बनी रहेगी। आप चाहें तो साबुत फल की तरह या जूस बनाकर इसका सेवन कर सकते हैं। दरअसल यह गैस्ट्रिक एंजाइमों को खत्म करके पाचन तंत्र को मजबूत करता है। इसमें कार्बोहाइड्रेट होता है और फैट की मात्रा भी कम होती है, जिससे इसके गुण बढ़ जाते हैं। यह मेटाबॉलिज्म को दुरुस्त रखता है, जिसके कारण वजन तेज़ी से कम होता है।

वजन कम करने के लिए जूस बनाने की विधि –

सामग्री –

  • चीकू
  • क्रीम
  • दूध
  • चीनी

स्टेप 1 –  3 चीकू, 1 कप क्रीम, 2 गिलास दूध, 5 चम्मच चीनी लें। चीकू को साफ करके उसके टुकड़े कर लें। उसके बीजों को बाहर निकालकर फेंक दें वरना वह कड़वा स्वाद देगा।

स्टेप 2 – मिक्सर में दूध, चीनी और चीकू को फेंट लें। फिर उसमें बाकी की सभी सामग्री डालकर दोबारा फेंटें।

स्टेप 3 – इसे गा​र्निश करने के लिए इसमें क्रीम और आइस भी डाल सकते हैं।

चीकू खाने के नुकसान – Chiku Khane ke Nuksan

हर चीज की तरह चीकू के भी कुछ फायदे और नुकसान हैं। इसलिए इसका इस्तेमाल करने से पहले दोनों के बारे में अच्छी तरह से जानकारी ज़रूर लें।

1. मीठा होने के कारण चीकू में कैलोरी अधिक मात्रा में होती है और यह गरिष्ठ खाद्य पदार्थ के रूप में प्रयोग किया जाता है। इसका अत्‍यधिक उपयोग करने से आपको मोटापे का सामना करना पड़ सकता है। वहीं, अगर आपको डायबिटीज है तो इसका सेवन करने से पहले अपने डॉक्टर से जरूर पूछ लें।

2. इसके अत्यधिक सेवन से बदहजमी, खांसी, कब्ज जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसके बीज का सेवन करने से मूत्र ज्यादा होने की बीमारी हो सकती है।

3. कच्‍चे या अधपके चीकू खाने से सर्दी- जुकाम या खांसी हो सकती है।

चीकू को लेकर अक्सर पूछे जाने वाले आम सवाल- जवाब – (FAQS)

1. सर्दी- जुकाम में किस तरह से चीकू का इस्तेमाल करें कि उससे झट से आराम मिल जाए?

अगर आपको सर्दी- जुकाम है तो आप चीकू को फ्रिज में न रखकर बाहर रखें और फिर खाएं। ज्यादा सर्दी में चीकू की छाल का काढ़ा बनाकर पीने से तुंरत आराम मिलता है। उसमें खांसी, बलगम एनीमिया इत्यादि रोगों को ठीक करने वाले विटामिन पाये जाते हैं।

2. क्या शरीर में सूजन की समस्या को कम करने के लिए चीकू का प्रयोग कर सकते हैं?

हां बिल्कुल, चीकू किसी भी प्रकार की सूजन को कम करने में सहायता करता है। सूजन को कम करने के लिए चीकू को कूटकर थोड़ा गर्म करके सूजन वाली जगह पर लगाने से सूजन के साथ ही दर्द भी कम हो जाता है।

3. मेरे चेहरे पर बहुत सारे पिंपल्स हैं। क्या चीकू खाने से वे ठीक हो सकते हैं?

चीकू में एंटीऑक्सिडेंट और कई तरह के पोषक तत्व होते हैं, जो स्किन की गंदगी को साफ करते हैं। इससे पिंपल्स धीरे- धीरे कम होते हैं और नए पिंपल्स नहीं आते। इससे त्वचा भी साफ हो जाती है।

4. थकावट को दूर करने और एनर्जी के लिए ग्लूकोज पीएं या फिर चीकू? खाएं कौन सा विकल्प अच्छा रहेगा?

चीकू ऐसा फल है, जिसमें ग्लूकोज की काफी मात्रा पायी जाती है, जिससे खोई हुई ऊर्जा तुरंत वापस आ जाती है। ग्लूकोज से भी एनर्जी मिलती है लेकिन उसमें मिठास बहुत ज्यादा होती है, जो शरीर के लिए अच्छी नहीं मानी जाती है। इसलिए एनर्जी के लिए चीकू एक बेहतर विकल्प है।

ये भी पढ़ें-

ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने के साथ ही लीवर को भी स्वस्थ रखता है चुकंदर
कैमोमाइल टी के फायदे और नुकसान
स्वास्थ्य के लिए रेड वाइन के फायदे

(आपके लिए खुशखबरी! POPxo शॉप आपके लिए लेकर आए हैं आकर्षक लैपटॉप कवर, कॉफी मग, बैग्स और होम डेकोर प्रोडक्ट्स और वो भी आपके बजट में! तो फिर देर किस बात की, शुरू कीजिए शॉपिंग हमारे साथ।) .. अब आयेगा अपना वाला खास फील क्योंकि Popxo आ गया है 6 भाषाओं में … तो फिर देर किस बात की! चुनें अपनी भाषा – अंग्रेजीहिन्दीतमिलतेलुगूबांग्ला और मराठी.. क्योंकि अपनी भाषा की बात अलग ही होती है।